Sunday, December 30, 2012

मायने

बदल गए हैं मायने इंसान के
खिल उठे हैं चेहरे हैवान के
अब नहीं अवतार लेगा ए नवीन
टूट गए हैं हौसले भगवान के .....

मरहम भी लगा देंगे मगर मालूम हो  
जख्म कितने बाकी हैं हिन्दुस्तान के ......

हो गए बुलंद कातिलों के अंदाज़
सबूत छोड़ते हैं अपनी पहचान के ......

हर तरफ मिल जायेंगे अब सनम
क्या करोगे लिख कर पते शमशान के .....

टूट गए हैं हौसले भगवान के .....

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