by Naveen Kumar
कुछ हंसी ठिठोली हो जाए, मन की रंगोली हो जाए, इस बार करो कुछ कान्हा ऐसा, हर दिन मेरा होली हो जाए
मिलने का वादा कर ना सको अगर इरादा कर ना सको इतना सा मिलन ही कर लेना, तेरे रंग मेरी चोली हो जाए।। नज़रों से मिलना मत नज़रे पर आंख मिचौली हो जाए।
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